किडनियों की गंदगी को साफ करने के लिए क्या करें? Kidney Ko Saaf Karne Ke Upay
किडनी हमारे शरीर का एक महत्वपूर्ण अंग है, जो शरीर से विषैले पदार्थों को निकालने का काम करती है। आज के समय में हमें ऐसी बहुत सी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है जो हमारे शरीर के लिए बहुत ही हानिकारक है जिसके कारण हम बहुत ही बीमारियों से गुजरते हैं और इन बीमारियों के बारे में हमें पता नहीं होता है।
आज का समय बहुत ही दूषित और प्रदूषण भरा हो गया है आज का खानपान भी हमारे शरीर को बहुत ही प्रभावित कर रहा है जिसके कारण हमारे शरीर में बहुत सी बीमारियां उत्पन्न हो रही है जैसे हमारी किडनी साफ ना होना। आज मैं आपको ऐसे ही पांच तरीकों के बारे में बताऊंगा जो आपकी किडनी को साफ एवं स्वच्छ रखेंगे।
1 खूब पानी पिएं
किडनी की गंदगी को साफ करने के लिए आपको दिन में काम से कम 4 से 5 लीटर पानी पीना आवश्यक है, जिससे आपकी किडनी की गंदगी कि समस्या है। धीरे-धीरे ठीक होगी
2 हेल्दी डाइट अपनाएं
आप सभी को हेल्दी डाइट बनाना है जैसे की ताजे फल ताजी सब्जियां हरे पत्तेदार सब्जियां और सलाद भी शामिल करें। ज्यादातर आपको पानी से भरे फलो और सब्जियाँ शामिल करें – हर दिन रंग-बिरंगे फल और सब्ज़ियाँ खाएं, ये विटामिन, मिनरल और फाइबर से भरपूर हो।
3 किडनी के लिए उपयुक्त एक्सरसाइज:
किडनी की समस्या से राहत पाने के लिए नियमित रूप से व्यायाम, प्राणायाम और योग करना बेहद फायदेमंद होता है। ये न सिर्फ किडनी को स्वस्थ बनाए रखते हैं, बल्कि शरीर से विषैले तत्वों को बाहर निकालने में भी मदद करते हैं।
अगर आप किडनी से जुड़ी किसी समस्या का सामना कर रहे हैं, तो आपको रोजाना शारीरिक गतिविधियों को अपनी दिनचर्या में शामिल करना चाहिए। इसमें साइकिल चलाना, तेज़ चाल में टहलना, स्विमिंग करना या हल्की रनिंग जैसे एक्सरसाइज़ बहुत लाभकारी होते हैं।
4 धूम्रपान और शराब से बचें
अगर हम अपने स्वास्थ्य की अनदेखी करते हैं, खासकर धूम्रपान और शराब जैसी हानिकारक आदतों को अपनाते हैं, तो इससे किडनी को गंभीर नुकसान हो सकता है।
धूम्रपान और अत्यधिक शराब का सेवन किडनी की कार्यक्षमता को धीरे-धीरे कम कर सकता है। इससे न केवल किडनी फेलियर का खतरा बढ़ता है, बल्कि अन्य गंभीर बीमारियाँ भी हो सकती हैं। इसलिए, इन आदतों से दूर रहना बेहद ज़रूरी है।
5 समय-समय पर मेडिकल जांच करवाएं
किडनी की समस्याएं अक्सर शुरुआती चरण में कोई खास लक्षण नहीं दिखातीं, जिससे बीमारी गंभीर होने तक पता नहीं चलता। इसलिए नियमित अंतराल पर ब्लड प्रेशर, शुगर लेवल, यूरिन टेस्ट और किडनी फंक्शन टेस्ट (KFT) जैसी जांचें करवाते रहना बहुत जरूरी है।




